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दिवाली के आते हीं

  • rajaramdsingh
  • Oct 16, 2022
  • 1 min read

दिवाली के आते हीं

खुशियां घर आते ।

कपड़े नए मिठाई ,

फुलझड़ियाँ लाते ।।

कोई बांटे कोई मांगे

बोनस दिवाली का ,

कहीं खर्चे और चर्चे

पूजा की थाली का ।2

लिपाई पुताई

कर दीप जलाते ,

दिवाली के आते हीं

खुशियां घर आते ।।

किसी की दिवाली तो

किसी का दिवाला ,

बोनस के चक्कर में ,

लगे नहीं ताला ।

उतने ही खाओ जितने

मन को है भाते ,

दिवाली के आते हीं

खुशियां घर आते ।।

कोई खुश करे घरवाली

कोई बाहर वाली ,

कोई माय बाप के संग

मनाता दिवाली ।

लाल एक कमाल दिवाली,

सेना संग मनाते

दिवाली के आते हीं

खुशियां घर आते ।।

^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^^

राजाराम सिंह 10 /10/ 20 22

 
 
 

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