बिहार दर्शन भाग 10
- rajaramdsingh
- May 18, 2022
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जहां बरसता हर घर में,माँ सरस्वती का प्यार ,
बूढी गंडक कमला कोसी,माँ गंगा की धार ।
खेतों में हरियाली जैसे , ब्रह्मदेव का प्यार ,
ये है मेरा बिहार , ये है मेरा बिहार ।।
माँ ने मुंड का बध किया , भभुआ भी यहीं है ,
बना हुआ मुंडेश्वरी माता , जी का मंदिर भी है ।
है अजूबा इस सदी में , बलि पर बकरा चढ़ता ,
थोड़ी देर में उठकरके,झुण्ड से जाकर लड़ता ।।
शिवलिंग जो रंग बदलता ,है दिन में तीन वार ,
हरसु ब्रह्म धाम में होता, भूत प्रेत उपचार ।
बड़ा मनोरम इनका मंदिर,और माँ का श्रृंगार ,
ये है मेरा बिहार , ये है मेरा बिहार ।।
नवादा में चामुंडा माता, बोध गया में मंगला माँ ,
छोटी पटन देवी भी हैं ,बिहार शरीफ में शीतला माँ ।
अम्बा भवानी छपरा रोड पर,सासाराम में माँ तारा ,
चंडिका मुंगेर जिले में , सहरसा में है उग्रतारा ।।
पूर्णियां की पूरन माता , करती पूर्ण मनोकामना ,
जो भी शक्ति पीठ को पूजे ,पूरी होती कामना ।
औरंगाबाद में सूर्यमंदिर का, होता अद्भुद दीदार ,
ये है मेरा बिहार , ये है मेरा बिहार ।।
जहां बरसता हर घर में , माँ सरस्वती का प्यार ,
बूढी गंडक कमला कोसी , माँ गंगा की धार ।
खेतों में हरियाली जैसे , ब्रह्मदेव का प्यार ,
ये है मेरा बिहार , ये है मेरा बिहार ।।
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